क्या आपको या आपके जानने वाले को काम के बदले वेतन नहीं मिला, ज़बरन काम करवाया जा रहा है या अनुबंध में धोखा हुआ है? ये सब श्रम शोषण के संकेत हो सकते हैं। यहाँ सरल भाषा में बताता/बताती हूँ कि श्रम शोषण क्या है, कैसे पहचानें और तुरंत क्या करें।
श्रम शोषण कई रूप लेता है: नियमित वेतन न देना, ओवरटाइम का भुगतान न करना, नकदी में भुगतान करके रिकॉर्ड न रखना, अनुबंध टूटना, बंधुआ/कर्ज में बांधना, खौफ दिखाकर छुट्टी या बीमारी का लाभ रोकना, बच्चों को काम पर लगाना। घरेलू कामगार, निर्माण श्रमिक, ठेका मजदूर और फैक्टरी कर्मचारी अक्सर सबसे ज़्यादा प्रभावित होते हैं।
एक सरल तरीका: अगर आपकी नौकरी की शर्तें लिखित नहीं, वेतन बैंक में नहीं आता, काम का घंटा बढ़ता जाता है और शिकायत करने पर धमकी मिलती है — ये रेड फ्लैग हैं।
1) साक्ष्य इकट्ठा करें: जो भी मिले—कॉन्ट्रैक्ट, वेतन पर्ची, बैंक स्टेटमेंट, WhatsApp/ईमेल मैसेज, फोटो या वीडियो। तारीख और समय नोट कर लें, गवाही देने वाले साथियों के नाम लिख लें।
2) लिखित शिकायत दें: कंपनी या नियोक्ता को सुस्पष्ट लिखित शिकायत भेजें और प्राप्ति का सबूत रखें (ईमेल/रजिस्टर्ड पोस्ट)। इससे आगे की कार्रवाई में मदद मिलती है।
3) मजदूर विभाग से संपर्क करें: अपने जिले के जिला लेबर ऑफिस या राज्य श्रम विभाग में शिकायत दर्ज कराएं। कई राज्यों में ऑनलाइन पोर्टल होते हैं (जैसे श्रम संबंधी सरकारी पोर्टल, e-SHRAM/श्रम सुविधा) जहाँ शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
4) ट्रेड यूनियन और स्थानीय संगठनों की मदद लें: ट्रेड यूनियन, कामगार संगठन और स्थानीय एनजीओ कानूनी मार्ग और दबाव बढ़ाने में मदद करते हैं। हालिया बड़े आंदोलन और भारत बंद जैसी हड़तालें भी श्रमिकों की सुध लेने के लिए दबाव बनती हैं।
5) आपात स्थिति में पुलिस/कानूनी सहायता: शारीरिक हिंसा, जबरन बंद करना या मानव तस्करी जैसी स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचित करें। बच्चों के शोषण के लिए राष्ट्रीय बाल हेल्पलाइन (उपलब्ध स्थानीय नंबर) से मदद लें और जिला Child Welfare अधिकारी को inform करें।
6) मुफ्त कानूनी सलाह: कई बार सरकारी विधिक सेवा प्राधिकरण मुफ्त सलाह देते हैं। स्थानीय लॉ कॉलेज या श्रमिक अधिकार वाले एनजीओ भी मदद कर सकते हैं।
अंत में — डरें नहीं। छोटी-छोटी शिकायतें मिलकर बड़े बदलाव लाती हैं। दस्तावेज़ रखें, साथी श्रमिकों से बात करें और सरकारी रास्ते व संगठनों की मदद लें। अगर आप चाहते हैं, तो हम यहाँ पर उपलब्ध संबंधित खबरें और दिशानिर्देश दिखा सकते हैं ताकि आप आगे की कार्रवाई तुरंत शुरू कर सकें।
ब्रिटेन के सबसे धनी हिंदुजा परिवार ने स्विस अदालत के उस निर्णय के खिलाफ अपील की है जिसमें उनके चार सदस्यों को जिनेवा स्थित विला में घरेलू कर्मचारियों के शोषण का दोषी ठहराया गया था। परिवार के वकीलों ने इस निर्णय का खंडन किया है और कहा है कि सभी सदस्यों को मानव तस्करी के आरोपों से मुक्त कर दिया गया है।